उत्तर प्रदेश का राज्य पक्षी — सारस क्रेन
उत्तर प्रदेश का राज्य पक्षी सारस — दुनिया का सबसे ऊँचा उड़ने वाला पक्षी। यह भारतीय संस्कृति में जीवनभर की एक साथी वाली प्रेम-कथा का प्रतीक है।
पहचान और शरीर
सारस की ऊँचाई 1.8 मीटर तक जाती है — यानी एक लंबे इंसान जितना। पूरा शरीर धूसर-सफ़ेद, सिर और गर्दन का ऊपरी हिस्सा चमकीला लाल जो प्रजनन काल में और भी गहरा हो जाता है। पैर लंबे गुलाबी-लाल। नर-मादा में लगभग कोई फ़र्क़ नहीं दिखता — बस नर थोड़ा ऊँचा होता है।
आवास और वितरण
सारस उत्तर प्रदेश के तराई क्षेत्र, इटावा-मैनपुरी की गीली धान की खेतों, और मुख्यत: गंगा-यमुना दोआब की उथली झीलों में मिलता है। एटा ज़िले के 'सारस कंज़र्वेशन रिज़र्व' में सबसे बड़ी आबादी है। यह विशाल पक्षी है जिसे बड़े खुले जल-क्षेत्र चाहिए — छोटे तालाब काफ़ी नहीं।
प्रेम का प्रतीक
सारस जीवनभर एक ही साथी के साथ रहता है — इसीलिए भारतीय पौराणिक कथाओं में इसे 'प्रेम-पक्षी' कहा जाता है। वाल्मीकि रामायण की शुरुआत ही एक 'क्रौंच' (जो कई विद्वानों के मुताबिक़ सारस ही है) के जोड़े के दुख से होती है — शिकारी द्वारा नर के मारे जाने पर वाल्मीकि से पहला श्लोक निकला था। ग्रामीण यूपी में आज भी अगर एक सारस मरे तो दूसरा अन्न-जल त्याग कर मर जाता है — यह लोक-विश्वास है।
क्यों चुना गया
1998 में उत्तर प्रदेश ने सारस को राज्य पक्षी घोषित किया — क्योंकि यूपी में दुनिया की सबसे बड़ी सारस आबादी है (लगभग 15,000 पक्षी, जो दुनिया का ~70% है)। यह किसानों का मित्र भी है — धान के खेतों में कीट-नियंत्रण करता है।
ख़तरे और संरक्षण
मुख्य ख़तरे — गीली भूमि का सूखना, खेतों में यूरिया-कीटनाशकों का ज़्यादा प्रयोग जो अंडों को ज़हरीला बनाता है, और बिजली की तारें। इटावा और मैनपुरी में स्थानीय किसानों ने सारस मित्र समितियाँ बनाई हैं जो अंडों की रखवाली करती हैं।
कहाँ देख सकते हैं
सर्दियों (नवंबर-फ़रवरी) में सूरसरोवर पक्षी अभयारण्य (आगरा), समासपुर वेटलैंड (एटा), और नवाबगंज पक्षी विहार (उन्नाव)। सुबह के समय ऊँची 'ट्रम्पेटिंग' कॉल दूर से सुनाई देती है।
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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
क्या सचमुच सारस एक साथी के मरने पर मर जाता है?
वैज्ञानिक दृष्टि से यह सिद्ध नहीं है, पर व्यवहारिक अध्ययन बताते हैं कि साथी के मरने के बाद बचा हुआ सारस लंबे समय तक खाना कम कर देता है और अक्सर उसी क्षेत्र में नहीं रहता। कई मामलों में यह जल्दी मर भी जाता है।
सारस देखने का सबसे अच्छा समय क्या है?
अक्टूबर से फ़रवरी के बीच, सुबह 6-9 बजे या शाम 4-6 बजे। मानसून के तुरंत बाद ये प्रजनन शुरू करते हैं इसलिए जोड़े नाचते हुए दिखते हैं।
क्या सारस उड़ता है?
हाँ, बहुत ऊँचा उड़ता है — 20,000 फ़ीट तक रिकॉर्ड है। पर लंबी प्रवास-यात्रा नहीं करता, स्थानीय जल-क्षेत्रों के बीच ही घूमता है।
दूसरे राज्यों के पक्षी
- राजस्थान — गोडावण (ग्रेट इंडियन बस्टर्ड)
- उत्तराखंड — हिमालयन मोनाल (मुनाल)
- पंजाब — मोर
- गुजरात — ग्रेटर फ्लेमिंगो (सुरख़ाब)
- असम — सफ़ेद पंख वाली बत्तख
- बिहार — गौरैया (हाउस स्पैरो)
- तमिलनाडु — ज़मरुदी कबूतर (एमराल्ड डव)
- कर्नाटक — इंडियन रोलर (नीलकंठ)
- पश्चिम बंगाल — व्हाइट-थ्रोटेड किंगफ़िशर (किलकिला)
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